એક નારીની વ્યથા... ૮-૧૨-૨૦૨૦
*ऐक नारी की व्यथा*
अपमान न करना नारियों का कभी,
यु ग्रुपों से नंबर लेके फोन और मेसेज करके परेशान मत करना कभी;
क्योंकि..
इनके बल पर जग चलता हैं और नारी देवी स्वरुप हैं.
और
पुरूष को जन्म नारी ही देती है,
सभी पुरुष नारी की गोद में पलता हैं.
तुम्हारी मां और बहन को परेशान करेंगा कोई तो आप क्या करोगे???
हर नारी किसकी मां और बहन है....
भावना भट्ट अमदाबाद....
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